अंदरुनि संघर्ष और नैसर्गिक आपदा के कारण इथियोपिया में ४० लाख से भी ज्यादा विस्थापित

- संयुक्त राष्ट्र संघ की रपट

जिनेवा/आदिस अबाबा – देश के प्रमुख प्रांतों में शुरू संघर्ष और कुछ प्रांत में तीव्र सूखे के कारण बनी स्थिति की पृष्ठभूमि पर इथियोपिया में ४० लाख से भी अधिक नागरिक विस्थापित हुए हैं। संयुक्त राष्ट्र संघ की रपट यह जानकारी साझा कर रही है। इथियोपिया अफ्रीका की एक प्रमुख अर्थव्यवस्था और अफ्रीकी महाद्वीप में सबसे बड़े जनसंख्या का देश है।

संघर्ष

संयुक्त राष्ट्र संघ के ‘इंटरनैशनल ऑर्गनाइजेशन फॉर माइग्रेशन’ नामक गुट ने इथियोपिया से संबंधित ‘नैशनल डिस्प्लेसमेंट रिपोर्ट’ जारी की है। नवंबर २०२२ से जून २०२३ के दौरान इथियोपिया के २१ प्रांतों की समीक्षा करके यह रपट बनाई है। ‘आइओएम’ ने इसकी जानकारी प्रदान की। विस्थापित हुए नागरिकों में सबसे अधिक अम्हारा प्रांत के नागरिक हैं और इस प्रांत के करीबन ४४ प्रतिशत नागरिक विस्थापित हुए हैं। इसके बाद तिगरे प्रांत में विस्थापित हुए नागरिकों की संख्या ३९ प्रतिशत बताई गई हैं।

संघर्ष

लगातार जारी संघर्ष ही इन नागरिकों के विस्थापित होने की प्रमुख वजह बनी हैं। इन विस्थापितों में से ६६ प्रतिशत नागरिक संघर्ष के कारण अपना स्थान छोड़कर दूसरी ओर जाने के लिए मज़बूर हुए हैं। इसके अलावा सूके और अन्य नैसर्गिक आपदाओं के कारण विस्थापित हुए नागरिकों की संख्या १८ प्रतिशत हैं। सामाजिक तनाव एवं अन्य कारणों से कुल ७ प्रतिशत लोग विस्थापित होने की जानकारी इस रपट में दर्ज़ हैं।

कुछ दिन पहले ही इथियोपिया के दूसरें बड़े प्रांत अम्हारा में सेना और स्थानी सशस्त्र गुटों के बीच संघर्ष हुआ था। इस संघर्ष की पृष्ठभूमि पर प्रधानमंत्री अबि अहमद ने अम्हारा में आपातकाल का ऐलान किया था। सेना के अतिरिक्त दल अम्हारा भेजने का ऐलान भी सरकार ने किया था। इस वजह से इस प्रांत में विस्थापित हुए एवं शरणार्थी बनकर अन्य देशों में पहुंच रहे नागरिकों की संख्या फिर से काफी बढ़ेगी, ऐसी चिंता अंतरराष्ट्रीय गुटों ने व्यक्त की है।

इसी बीच, येमन के रास्ते सौदी अरब पहुंच रहे इथियोपियन शरणार्थियों का मुद्दा चर्चा का विषय बना है। कुछ स्वयं सेवी गुटों ने सौदी पहुंच रहे इथियोपिया के शरणार्थी उत्पीड़ित होने का दावा किया था। इस पर सौदी की तीव्र प्रतिक्रिया सामने आयी हैं और सौदी के प्रवक्ता ने इस तरह के आरोपों को स्पष्ट शब्दों में ठुकराया है।

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